बच्चों को राष्ट्रभक्त बनाने के लिए महर्षि दयानन्द की जीवनी पढ़ाएं: श्रद्धेय स्वामी जी महाराज

बच्चों को राष्ट्रभक्त बनाने के लिए महर्षि दयानन्द की जीवनी पढ़ाएं: श्रद्धेय स्वामी जी महाराज

लघु गुरुकुल में सैकड़ों विद्यार्थीगण प्राप्त कर रहे है वेद ज्ञान नई दिल्ली। योगर्षि स्वामी रामदेव जी महाराज ने कहा कि बच्चों को राष्ट्रभक्त बनाने के लिए महर्षि दयानन्द की जीवनी विशेष रूप से पढ़ाई जानी चाहिए। बच्चों को वेद, उपनिषद भी पढ़ाना चाहिए। आने वाले पाँच वर्ष के भीतर महर्षि दयानन्द के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए एक हजार संन्यासी तैयार करने का संकल्प लेना चाहिए। यह विचार योगर्षि स्वामी रामदेव जी महाराज ने अंतर्राष्ट्रीय आर्य महासम्मेलन के दूसरे दिन व्यक्त किए। योगर्षि स्वामी रामदेव जी महाराज…

लघु गुरुकुल में सैकड़ों विद्यार्थीगण प्राप्त कर रहे है वेद ज्ञान

नई दिल्ली। योगर्षि स्वामी रामदेव जी महाराज ने कहा कि बच्चों को राष्ट्रभक्त बनाने के लिए महर्षि दयानन्द की जीवनी विशेष रूप से पढ़ाई जानी चाहिए। बच्चों को वेद, उपनिषद भी पढ़ाना चाहिए। आने वाले पाँच वर्ष के भीतर महर्षि दयानन्द के विचारों को जन-जन तक पहुंचाने के लिए एक हजार संन्यासी तैयार करने का संकल्प लेना चाहिए। यह विचार योगर्षि स्वामी रामदेव जी महाराज ने अंतर्राष्ट्रीय आर्य महासम्मेलन के दूसरे दिन व्यक्त किए।

योगर्षि स्वामी रामदेव जी महाराज ने कहा कि महर्षि दयानन्द ने जात-पात, अंधविश्वास, ऊँच-नीच, भेदभाव जैसी कुरीतियों को दूर कराने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। श्रद्धेय स्वामी जी महाराज ने आह््वान करते हुए कहा कि आर्य समाज के प्रचार-प्रसार के लिए एजेंडा बनाना होगा। श्रद्धेय स्वामी जी महाराज ने कहा कि देश का हर परिवार संकल्पित हो कि दयानन्द के संस्कार हमारे परिवार के हर व्यक्ति को मिले, इस तरह की परम्परा परिवार में विकसित की जानी चाहिए। मैं दयानन्द के आदर्शों को मानता हूँ और यह भी मानता हूँ कि जन्म से कोई ब्राह्मण नहीं होता है। वह केवल अपने कर्मों से ही ब्राह्मण होता है। आर्य महासम्मेलन में पूज्य आचार्य श्री ने कहा कि स्वामी दयानन्द जी बताये हुये रास्तों पर चलकर ही हम भारत को ‘विश्व गुरु’ बना सकते है। इस अवसर पर राज्यपाल महामहिम श्री जगदीश मुखी जी, महामहिम श्री आचार्य देवव्रत जी, महामहिम श्री गंगा प्रसाद जी, भाजपा राष्ट्रीय महामंत्री श्री सुधांशु त्रिवेदी जी, सांसद श्री महेश गिरी जी, विधायक श्री विजेंद्र गुप्ता जी, आर्य समाज के पदाधिकारी श्री एस चांद जी, श्री विनय आर्य जी ने भी अपने विचार रखे।
-साभारः नवोदय टाईम्स’

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